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Showing posts from May, 2023

Weight Management Techniques: स्वस्थ वजन बनाए रखने के लिए अपनाएं ये फ़ूड हेबिट्स और एक्टिविटीज

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Weight Management Techniques: स्वस्थ वजन बनाए रखने के लिए अपनाएं ये फ़ूड हेबिट्स और एक्टिविटीज https://ift.tt/vNcE6zb Weight Management Techniques: एक हेल्दी लाइफ के लिए अपनी बॉडी के वजन को सही बनाये रखना आवश्यक है। बहुत ज़्यादा या बहुत कम बॉडी कई शारीरिक परेशानियों और बिमारियों का कारण बन सकता है। ऐसे में जरूरी है की हम अपनी लाइफस्टाइल में कुछ वेट मैनेजमेंट टेक्निकस अपनाएं। हमारी स्वास्थ्य को बनाए रखने में ये टेक्निकस महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। वजन को सही तरीके से मैनेज करने से ना सिर्फ शरीर का अतिरिक्त फैट कम होता है बल्कि कई स्वास्थ्य स्थितियों, जैसे हार्ट डिजीज, टाइप 2 डायबिटीज, कैंसर और जोड़ों की समस्याओं के रिस्क को बढ़ने से रोका जा सकता है। वेट मैनेजमेंट टेक्निक्स से बॉडी का अतिरिक्त वजन घटाने के साथ- साथ मेन्टल स्ट्रेस भी कम कर सकते हैं। इन टेक्निक्स में आमतौर पर गुड एंड हेल्दी ईटिंग हैबिट्स और फिजिकल एक्टिविटी शामिल है। इस आर्टिकल में जानिए कुछ जरूरी वेट मैनेजमेंट टेक्निक्स के बारे में। सेंटर्स फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रोटेक्शन में पब्लिश्ड एक आर्टिकल के अनुसार स्वस्थ ...

Strong Immune System: थकान, इन्फेक्शन और फ्लू से लड़ने के लिए इम्यून सिस्टम को करें सशक्त

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Strong Immune System: थकान, इन्फेक्शन और फ्लू से लड़ने के लिए इम्यून सिस्टम को करें सशक्त https://ift.tt/yCbNgqx Strong Immune System: हर समय थकान महसून होना, बेवजह चीड़-चिड़ापन और अक्सर एलेर्जी व इन्फेक्शन्स होना कमजोर इम्यून सिस्टम की ओर इशारा करता है। जिन लोगों का इम्यून सिस्टम स्ट्रांग नहीं होता उनमें शरीर का संतुलन बनाए रखने और बीमारियों से लड़ने की क्षमता कम हो जाती है। शरीर का इम्यून सिस्टम हमारे स्वास्थ्य और कल्याण को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। यह बैक्टीरिया, वायरस और परसिटेस जैसे हानिकारक जीवों से रक्षा करते हुए शरीर के रक्षा कवच के रूप में कार्य करता है। एक हेल्दी लाइफ के लिए मजबूत और एक्टिव इम्यून कोई गंभीर डिजीज। इसके अतिरिक्त, एक मजबूत इम्यून सिस्टम किसी भी घाव या चोट को जल्दी से भर देता है और हीलिंग में मदद करता है। इस के साथ ही यह कैंसर विकसित करने वाली एब्नार्मल सेल्स की पहचान करने और उन्हें खत्म करने में मदद करता है। कुल मिलाकर, एक मजबूत और स्वस्थ शरीर के लिए एक स्ट्रांग और हेल्दी इम्यून सिस्टम आवश्यक है, जिससे हम अपना जीवन पूरी तरह से जी सकें। से...

Boosting Hemoglobin, Iron: क्यों होती है हीमोग्लोबिन की कमी, कैसे करें इसका प्रबंधन

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Boosting Hemoglobin, Iron: क्यों होती है हीमोग्लोबिन की कमी, कैसे करें इसका प्रबंधन https://ift.tt/GYbJIkM Boosting Hemoglobin, Iron: हमारे देश में हीमोग्लोबिन व आयरन की कमी से जुड़े लाखों केसेज हैं। नेशनल इंसीट्यूट्स ऑफ़ हेल्थ (NIH) की मानें तो एनीमिया भारत में एक पब्लिक हेल्थ की नजर से प्रमुख चिंता का कारण है। यहां 58.6% बच्चे, 53.2% गैर-गर्भवती महिलाएं और 50.4% गर्भवती महिलाएं इस स्थिति से प्रभावित हैं। हीमोग्लोबिन की कमी, जिसे एनीमिया के रूप में जाना जाता है, कई कारणों से हो सकती है। इनमें सबसे आम कारण है पर्याप्त मात्रा में आयरन का सेवन ना करना जिससे आयरन की कमी से होने वाला एनीमिया होता है। हीमोग्लोबिन की कमी के उचित निदान और उपचार के लिए एक स्वास्थ्य देखभाल पेशेवर से परामर्श करना महत्वपूर्ण है। हीमोग्लोबिन की कमी को दूर करने के लिए अधिक आयरन युक्त फूड्स खाने से लाभ हो सकता है। आयरन हीमोग्लोबिन के उत्पादन को बढ़ावा देने का काम करता है, जो अधिक रेड ब्लड सेल्स को बनाने में भी मदद करता है। Factors contributing to low hemoglobin: एनीमिया होने के कई कारण हैं। शरीर में विटामिन ...

Dangers of Tobacco: क्यों तंबाकू आपके हार्ट, लंग्स और सेहत के लिए है खतरा, जानें यहां

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Dangers of Tobacco: क्यों तंबाकू आपके हार्ट, लंग्स और सेहत के लिए है खतरा, जानें यहां https://ift.tt/LgZ1lzr Dangers of Tobacco: तंबाकू का सेवन एक हेल्दी लाइफ के लिए खतरा साबित हो सकता है। तम्बाकू में ऐसे कई हानिकारक केमिकल्स होते हैं जो व्यक्ति को कई डिजिजे से सामना करवाते हैं। इनमें लंग्स, गले, मुंह और एसोफैगल कैंसर सहित कई तरह के कैंसर मुख्य है। इसके अतिरिक्त, यह रेस्पिरेटरी सिस्टम को भी नुकसान पहुंचाता है, जिससे क्रोनिक ब्रोंकाइटिस जैसी स्थिति पैदा होती हैं और लंग्स की फंक्शनिंग धीरे हो सकती है जिससे वे इन्फेक्शन की चपेट में आ जाते हैं। लंग्स के अलावा तम्बाकू का सेवन हार्ट डिजीज के पेशेंट्स के लिए भी बड़ा खतरा साबित हो सकता है। तंबाकू का उपयोग त्वचा को नुकसान पहुंचाता है, और मसूड़ों की बीमारी और मुंह के कैंसर जैसी ओरल हेल्थ प्रॉब्लम्स में योगदान देता है। न सिर्फ स्मोकिंग करने वालों को बल्कि स्मोकिंग के संपर्क में आने वालों के लिए भी तंबाकू हेल्थ रिस्क साबित हुआ है। सेकंड हैंड स्मोकिंग से लोगों को अस्थमा और अन्य स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं। इन सभी हेल्थ प्रोब्लेम्स से बचाने ...

World Multiple Sclerosis Day 2023: क्या सनलाइट (Vitamin D) की कमी से हो सकता है मल्टीपल स्केलेरोसिस?

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World Multiple Sclerosis Day 2023: क्या सनलाइट (Vitamin D) की कमी से हो सकता है मल्टीपल स्केलेरोसिस? https://ift.tt/sx9rSMX World Multiple Sclerosis Day 2023: मल्टीपल स्केलेरोसिस (एमएस) एक पुरानी ऑटोइम्यून बीमारी है जो सेंट्रल नर्वस सिस्टम को प्रभावित करती है। हर साल 30 मई को वर्ल्ड मल्टीपल स्केलेरोसिस (एमएस) डे मनाया जाता है। इस दिन का उद्देश्य एमएस के बारे में लोगों को शिक्षित करना, इस स्थिति से पीड़ित लोगों का समर्थन करना और बेहतर उपचार और इलाज के लिए अनुसंधान को बढ़ावा देना है। विटामिन डी लेने के कई फायदे हैं इसीलिए डॉक्टर्स अक्सर इसे लेने की सलाह देते हैं। विटामिन डी हड्डियों और दांतों के अच्छी हेल्थ में बढ़ावा देता है , मूड को नियंत्रित करता है और वजन घटाने में भी सहायक है। इन सब के साथ ही यह मल्टीपल स्केलेरोसिस (एमएस) के लक्षणों को कम करने में मदद कर सकता है या संभावित रूप से एमएस (MS) के बढ़ने के रिस्क को कम कर सकता है। स्टडीज का मानना है की एमएस (MS) के पेशेंट्स को, दूसरों के मुकाबले, हाई विटामिन डी लेवल रखने की आवश्यकता हो सकती है। इसके अतिरिक्त, यह भी पता चला है कि जि...

Nourish Your Ovaries: ओवरी हेल्थ के लिए अपनाएं ये फूड्स और लाइफस्टाइल चेंजेज

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Nourish Your Ovaries: ओवरी हेल्थ के लिए अपनाएं ये फूड्स और लाइफस्टाइल चेंजेज https://ift.tt/3DXUxEt Nourish Your Ovaries: अपनी रिप्रोडक्टिव हेल्थ और हार्मोनल बैलेंस बनाये रखने के लिए महिलाओं का अपनी ओवरी हेल्थ पर ध्यान देना बहुत जरूरी है। यह एस्ट्रोजन और प्रोजेस्टेरोन जैसे हार्मोन का उत्पादन करते हुए मेंस्ट्रुअल साइकिल/ पीरियड साइकिल के दौरान एग (egg) रिलीज करती है और फीमेल रिप्रोडक्टिव सिस्टम में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। रेगुलर मेंस्ट्रुअल साइकिल, फर्टिलिटी और रिप्रोडक्टिव ऑर्गन के सही फंक्शनिंग के लिए ओवरीज का हेल्दी रहना आवश्यक है। इसके अलावा बैलेंस्ड हार्मोन लेवल्स होने से हड्डियां मजबूत रहती है और मूड भी स्टेबल रहता है। इसी कारण महिलाओं को अपनी ओवरी हेल्थ पर ध्यान देना चाहिए। इसकी शुरुआत बैलेंस्ड डाइट, सही फूड्स का चयन, लाइफस्टाइल चेंजेज के साथ करें और जरूरत पड़ने पर मेडिकल चेकअप करवाने से घबराएं नहीं। Vitamins and Minerals: ओवरी हेल्थ के लिए शरीर को विटामिन और मिनरल्स की खास आवश्यकता होती है। ऐसे में ऐसे फूड्स खाएं जिनमें विटामिन और मिनरल की मात्रा भरपूर हों। पत्त...

सेहत के लिए सुपर फूड माना जाता है मैंगो जिंजर

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सेहत के लिए सुपर फूड माना जाता है मैंगो जिंजर https://ift.tt/YPKJQ0X Superfood Mango Ginger: मैंगो जिंजर जिसे कुरकुमा अमांडा या करक्यूमिन भी कहा जाता है, अदरक से संबंधित एक पौधा है। इसका स्वाद और सुगंध पके आम के समान होता है। यह भारत और दक्षिण पूर्व एशिया में पाया जाता है और इसका उपयोग फूड्स और हर्ब्स दोनों के लिए किया जाता है। मेंगो जिंजर से जुड़े कई स्वास्थ्य लाभ है। पब मेड सेंट्रल में प्रकाशित एक आर्टिकल के अनुसार मैंगो जिंजर में एंटीऑक्सीडेंट,एंटीबैक्टीरियल, एंटीफंगल और इन्सेक्टीसाइड प्रॉपर्टीज सहित 130 से अधिक कंपाउंड्स होते हैं। मैंगो जिंजर में करक्यूमिन सहित करक्यूमिनोइड्स होते हैं, जो इसके कई स्वास्थ्य लाभों के लिए जिम्मेदार होते हैं। स्टडीज से पता चलता है की सेहत पर करक्यूमिन का काफी पॉजिटिव असर है। यह पाचन में मदद करता है, खांसी और बुखार से राहत दिलाता है और भूख बढ़ा सकता है। पब मेड सेंट्रल के एक आर्टिकल के अनुसार स्टडीज से पता चलता है कि मैंगो जिंजर में पाया जाने वाला करक्यूमिन मांसपेशियों को ठीक करने और घावों को बंद करने में मदद करने के लिए बहुत लाभकारी है। Skin Ca...

Heart Health to Nutrient Boost: जानिए क्या है बादाम के कमाल के फायदे...

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Heart Health to Nutrient Boost: जानिए क्या है बादाम के कमाल के फायदे... https://ift.tt/Vtjpvr7 Almonds, Heart Health to Nutrient Boost: बादाम एक तरह का ड्राई फ्रूट है, हालांकि ऐसा भी कहा जाता है की यह ड्राई फ्रूट ना होकर एक बीज (Seed) है लेकिन आमतौर पर इसे ड्राई फ्रूट ही माना जाता है पेड़ों पर उगता है। इसे भिगो कर, कच्चा, रोस्ट करके या किसी भी स्पाइसी या स्वीट फ़ूड में दाल कर खाया जा सकता है। यह अपने टेस्ट और हेल्दी गुणों के लिएपॉपुलर हैं। बादाम बहुत पौष्टिक होते हैं और इसी कारण इसके कई स्वास्थ्य लाभ हैं। इसमें भरपूर मात्रा में हेल्दी फैट, प्रोटीन, फाइबर, विटामिन ई, मैग्नीशियम और कैल्शियम पाए जाते हैं। सबसे अच्छी बात यह है कि बादाम में स्वयं कोई कोलेस्ट्रॉल नहीं होता है। अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन (एएचए) के अनुसार बादाम में अनसेट्यूरेटेड फैट होता है जो हमारे ब्लड कोलेस्ट्रॉल की स्थिति में सुधार ला सकता है। विटामिन ई एक एंटीऑक्सीडेंट है जो कोलेस्ट्रॉल को हमारी आर्टरीज को बंद करने से रोकने में मदद करता है। एक स्टडी से पता चलता है कि बादाम खाने से हमारे ब्लड में विटामिन ई की मात्रा बढ़ स...

Eyes on Nutrition: स्वस्थ आंखों के लिए ये विटामिन है जरूरी...

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Eyes on Nutrition: स्वस्थ आंखों के लिए ये विटामिन है जरूरी... https://ift.tt/J17y6GW Eyes on Nutrition: हमारे शरीर के अन्य अंगों की तरह हमारी आँखों की देखभाल भी जरूरी है। आँखों को स्वस्थ बनाए रखने के लिए अपने डाइट में कई तरह के विटामिन को शामिल करना चाहिए। यह विटामिन अलग- अलग फूड्स में होते हैं और हर विटामिन का आँखों की हेल्थ के लिए अपना अलग महत्त्व है। इनमें एक ओर जहां विटामिन ए क्लियर विज़न (clear vision) बनाए रखने और नाईट ब्लाइंडनेस (night blindness) को रोकने के लिए महत्वपूर्ण है वहीं विटामिन सी एक एंटीऑक्सिडेंट है जो आँखों को फ्री रेडिकल्स से होने वाले नुकसान से बचाने में मदद करता है और मोतियाबिंद (cataract) के रिस्क को कम कर सकता है। साथ ही विटामिन ई में भी एंटीऑक्सीडेंट गुण होते हैं। सही डाइट और ऑय एक्सरसाइज से आँखों का ख्याल रखा जा सकता है। अपनी आँखों से जुडी किसी तरह की परेशानी के लिए डॉक्टर की सलाह लेना आवश्यक है। इस आर्टिकल में जानें आँखों के सेहत से जुड़े विटामिन युक्त फूड्स और उनसे मिले लाभ के बारे में। Vitamin A: आंखों के स्वास्थ्य के लिए विटामिन ए आवश्यक पोषक तत्व...

World No Tobacco Day 2023: जानिए विश्व तंबाकू निषेध दिवस की डेट, हिस्ट्री, थीम और महत्व

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World No Tobacco Day 2023: जानिए विश्व तंबाकू निषेध दिवस की डेट, हिस्ट्री, थीम और महत्व https://ift.tt/kMBc5uN World No Tobacco Day 2023: तम्बाकू के कई शारीरिक व इकोनॉमिक नुक्सान हैं। एक और जहां तम्बाकू के सेवन से कई बीमारियां हों सकती है वहीं दूसरी और यह ग्लोबल फ़ूड क्राइसिस का कारण बन सकता है। तंबाकू के उपयोग के हानिकारक प्रभावों के बारे में जागरूकता बढ़ाने और दुनिया भर में तंबाकू की खपत को कम करने के लिए प्रभावी नीतियों की वकालत करने के लिए 31 मई को विश्व तंबाकू निषेध दिवस (डब्ल्यूएनटीडी) मनाया जाता है। वर्ल्ड हेल्थ आर्गेनाईजेशन (World Health Organisation, WHO) के अनुसार तम्बाकू उगाना हमारे स्वास्थ्य, किसानों के स्वास्थ्य और पूरे प्लेनेट के स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाता है। इसका बड़ा कारण है तम्बाकू इंडस्ट्री जो तम्बाकू के अलावा कोई और अनाज उगाने के प्रयासों में हस्तक्षेप करती है और ग्लोबल फ़ूड क्राइसेस का कारण बनती है। वर्ल्ड नो टोबैको डे एक कैंपेन है जो सरकार को तम्बाकू उगाने वाली सब्सिडी को समाप्त करने के लिए प्रोत्साहित करता है। साथ ही इससे हुई बचत से किसानों को सस्टेनेबल अनाज...

Heart Attack Alarm: एक्टर नितेश पांडे के अलावा इन सेलेब्स की भी हार्ट अटैक से हुई मृत्यु

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Heart Attack Alarm: एक्टर नितेश पांडे के अलावा इन सेलेब्स की भी हार्ट अटैक से हुई मृत्यु https://ift.tt/PrjZ4x0 Devastating Wake-up Call on Heart Health: नितेश पांडेय के अलावा पिछले कुछ सालों में कई पॉपुलर और टैलेंटेड सेलेब्रिटीज जैसे सतीश कौशिक ,केके, सिद्धार्थ शुक्ल और अन्य कई एक्टर्स, सिंगर, कॉमेडियन का देहांत हार्ट अटैक से हुआ है। इनमें कई एक्टर्स 40 साल और उसके ऊपर उम्र के हैं। कहीं किसी को जिम में अटैक आया तो कभी कोई स्टेज पर परफॉर्म करते हुए हार्ट अटैक का शिकार हुआ। इसी साल 17 फरवरी को बॉलीवुड फिल्मों और वेब सीरीज 'मिर्जापुर' के एक्टर शाहनवाज प्रधान ने भी 56 साल की उम्र में हार्ट अटैक से अपनी जान गवाई। कुछ समय पहले सबके चहेते टेलेविज़न/फिल्म एक्टर और बिग बॉस शो विन्नेर सिद्धार्थ शुक्ल की डेथ ने सभी को हिला कर रख दिया था। वे सिर्फ 40 साल के थे। इसी तरह 46 साल के टी वी एक्टर सिद्धांत वीर सूर्यवंशी को जिम में कसरत करते समय हार्ट अटैक होने से उनकी मृत्यु हो गयी। इधर कॉमेडियन राजू श्रीवास्तव भी 58 साल की उम्र में हार्ट अटैक का शिकार हुए और दिल्ली के एम्स अस्पताल में उन...

Restless Legs Syndrome: क्या रेस्टलेस लेग्स सिंड्रोम (RLS) है पैरों में झुनझुनी, खुजली या दर्द का कारण ?

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Restless Legs Syndrome: क्या रेस्टलेस लेग्स सिंड्रोम (RLS) है पैरों में झुनझुनी, खुजली या दर्द का कारण ? https://ift.tt/3ZA0NDr Restless Legs Syndrome: रेस्टलेस लेग्स सिंड्रोम जिसे RLS (आरएलएस) भी कहते है एक न्यूरोलॉजिकल डिसऑर्डर है।इस डिसऑर्डर में लोग अक्सर अपने पैरों में रेंगने, झुनझुनी, खुजली या दर्द जैसी सेंसेशन का अनुभव करते हैं। ऐसा आमतौर पर तब होता है जब वे या तो आराम कर रहे हैँ या कोई एक्टिविटी किये बिना बैठे हैं। ऐसा विशेष रूप से शाम या रात के समय आराम करते वक़्त होता हैं। ऐसे में पैरों को हिलाने की इच्छा इन सेंसेशंस से कुछ देर तक राहत देती है। RLS (आरएलएस) नींद लेने में कठिनाई पैदा कर सकता है, जिससे रात को नींद पूरी न होना, बीच नींद में उठ जाना और दिनभर थकान महसूस हो सकती है। इसके सिम्पटम्स कई बार गंभीर हो सकते है और व्यक्ति के क्वालिटी ऑफ़ लाइफ पर महत्वपूर्ण असर डाल सकता है। रेसेअर्चेर्स अभी आरएलएस का एग्जैक्ट कारण ढूंढ रहे हैं लेकिन ऐसा माना जाता है कि इसमें जेनेटिक और एनवीरोंमेंट/ पर्यावरणीय कारण शामिल हैं। RLS का ट्रीटमेंट करने के लिए लाइफस्टाइल में पॉजिटिव चेंजेज, डॉ...

Healthy Bones: जीवनशैली में बदलाव से बनाएं हड्डियों को मजबूत और फ्लेक्सिबल

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Healthy Bones: जीवनशैली में बदलाव से बनाएं हड्डियों को मजबूत और फ्लेक्सिबल https://ift.tt/qCwocmx Healthy Bones: हड्डियों का हेल्दी होना हमारे स्वास्थ्य और तंदुरुस्ती के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। स्ट्रांग और फ्लेक्सिबल हड्डियां शरीर को एक्टिव रखती है और साथ ही फ्रैक्चर व चोट का रिस्क कम करती है। हेल्दी लाइफस्टाइल के हड्डियों का मजबूत होना आवश्यक है क्यूंकि ये हमारे ब्रेन, हार्ट, किडनी जैसे नाजुक अंगों को सुरक्षा देती है। इसके अलावा हेल्दी बोन्स हों तो ऑस्टियोपोरोसिस और ऑस्टियोपेनिया जैसी प्रोब्लेम्स को रोकने में सहायता मिलती है। बोन्स का हेल्दी हों तो शरीर सुचारु रूप से काम करता है। हमारी हड्डियों में कुछ नुट्रिएंट्स जैसे मिनरल्स, कैल्शियम और फास्फोरस स्टोर होते है। यह नुट्रिएंट्स शरीर की फंक्शनिंग के लिए भी जरूरी है। बैलेंस्ड डाइट, रेगुलर एक्सरसाइज और पॉजिटिव लाइफस्टाइल चेंजेज से हड्डियों को मजबूत बनाया जा सकता है। इस आर्टिकल में जानिए कैसे रखें अपनी हड्डियों को हेल्दी। Balanced Diet: अपनी डाइट में फल, सब्जियां, साबुत अनाज, लीन प्रोटीन और हेल्दी फैट शामिल करें। इनमें आवश्यक वि...

Suffering from Dust Allergy? जानिए क्या हैं डस्ट एलर्जी के ट्रिगर व होम रेमेडीज

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Suffering from Dust Allergy? जानिए क्या हैं डस्ट एलर्जी के ट्रिगर व होम रेमेडीज https://ift.tt/5KI3VTP Suffering from Dust Allergy? अंग्रेजी में एक कहावत है 'होम इज वेयर थे हार्ट इज' इसका मतलब है घर वो जगह है जहां हमें प्यार, अपनापन और आराम मिलता है। लेकिन इसा भी देखा गया है की कुछ लोगों को घर पर आराम की बजाय एलर्जी मिलती है। हम बात कर रहे हैं डस्ट एलर्जी की जो आमतौर पर घर में होती है। हालांकि घर को आराम करने के लिए दुनिया में सबसे बेस्ट जगह माना जाता है, लेकिन जिन घरों में धूल होती है वे घर कुछ लोगों में एलर्जी ट्रिगर कर सकते है। यही नहीं यह एलर्जी के लक्षण अक्सर वैक्यूमिंग, स्वीपिंग और डस्टिंग के दौरान या तुरंत बाद होती हैं। इस कारण यह है की सफाई होने पर डस्ट पार्टिकल्स हवा में उड़ते हैं और आँखों में व सांस लेते वक़्त नाक में जा सकते हैं। Dust Allergy Symptoms: अमेरिकन कॉलेज ऑफ़ एलर्जी, अस्थमा एंड इम्मुनोलोगि (American College of Allergy, Asthma and Immunology) के अनुसार डस्ट एलर्जी के एक नहीं कई लक्षण हैं जैसे छींक आना, नाक बहना, आँखों में आंसू आना, उनका लाल होना, उनम...

World Preeclampsia Day, 22 May 2023 : प्रेगनेंसी के दौरान हाइपरटेंशन से बचने के कुछ उपाय

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World Preeclampsia Day, 22 May 2023 : प्रेगनेंसी के दौरान हाइपरटेंशन से बचने के कुछ उपाय https://ift.tt/GHILeKv World Preeclampsia Day, 22 May 2023: गर्भावस्था से संबंधित उच्च रक्तचाप के लिए एक गाइड प्रेगनेंसी अपने साथ कई खुशियां लेकर आती है। पेरेंट्स के लिए यह अनुभव खास एहसास होता है। हालांकि इसमें महिलाओं की हेल्थ और बॉडी में कई चेंजेज आते हैं। कई बार यह चेंजेज उनके व बच्चे के लिए घातक साबित हो सकते हैं। प्रीक्लेम्पसिया प्रेगनेंसी के समय होने वाली एक ऐसी कंडीशन है जो हाइपरटेंशन का कारण बन सकती है और किडनी व लिवर को भारी नुकसान पहुंचा सकती है। यह कंडीशन आमतौर पर प्रेगनेंसी के 20वें सप्ताह के बाद बढ़ती है और मां और बच्चे दोनों के लिए परेशानी का कारण बन सकती है।प्रीक्लेम्पसिया से बचने के लिए नियमित प्रीनेटल चेक-अप किया जाता है। प्रीक्लेम्पसिया के सिम्पटम्स में अचानक वजन बढ़ना, सिरदर्द, हाई ब्लड प्रेशर, हांथ और चेहरे पर सूजन, आँखों का कमजोर होना और पेट दर्द शामिल हैं। एहतियात के तौर पर प्रेगनेंसी के दौरान माँ व होने वाले बच्चे के सभी चेकअप करवाना, माँ की डाइट को हेल्दी रखना, टेन्शिय...

World Inflammatory Bowel Disease Day 2023: लगातार पेट में दर्द, क्रैम्प व डायरिया, कहीं किसी बड़ी डिजीज का खतरा तो नहीं?

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World Inflammatory Bowel Disease Day 2023: लगातार पेट में दर्द, क्रैम्प व डायरिया, कहीं किसी बड़ी डिजीज का खतरा तो नहीं? https://ift.tt/zjlpFN4 World Inflammatory Bowel Disease Day 2023 : आज वर्ल्ड इंफ्लेमेटरी बॉवल डिजीज डे है । इसे वर्ल्ड आईबीडी डे (IBD डे) भी कहा जाता है। पेट में दर्द, क्रैम्प्स व डायरिया होना एक आम बिमारी है लेकिन यह बिमारी यदि हफ़्तों या और महीनों के बाद भी कम ना हो तो यह आंत्र की सूजन (bowel inflammation ) का संकेत हो सकती है। आईबीडी पुरानी मेडिकल कंडीशन का एक ग्रुप है जो सूजन का कारण बनता है और कभी-कभी गैस्ट्रोइंटेस्टिनल ट्रैक्ट (gastrointestinal tract) को नुकसान पहुंचा सकता है। इंफ्लेमेटरी बावल डिजीज (IBD) दो टाइप की अलग-अलग बीमारियां हैं। जिन्हे क्रोहन डिजीज और अल्सरेटिव कोलाइटिस कहा जाता है। दोनों की न्यूट्रिशनल जरूरतें अलग होती हैं। यही नहीं अक्सर ये जरूरतें प्रत्येक पेशेंट के लिए अलग-अलग होती हैं। इसलिए किसी डॉक्टर या डायटिशन की सलाह लेना जरूरी है। Crohn's disease: क्रोहन्स डिजीज एक क्रोनिक इंफ्लेमेटरी डिजीज है जो डाइजेस्टिव ट्रैक्ट के किसी भी हि...

Misophonia: क्या सामान्य आवाज जैसे 'जोर से बोलना या सांस लेने ' से आप चिढ़ जाते है ? जानिए ऐसा क्यों होता है

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Misophonia: क्या सामान्य आवाज जैसे 'जोर से बोलना या सांस लेने ' से आप चिढ़ जाते है ? जानिए ऐसा क्यों होता है https://ift.tt/trSs1jz Misophonia: दरवाज़ा खुलना या बंद होना, लोगों का जोर-जोर से बात करना, गाड़ियों का गुजरना, या किसी के जोर से सांस लेने की आवाज़ यह सभी सामान्य आवाज़ें हैं जो हमारी जिंदगी का एक बड़ा हिस्सा है। फिर भी इन आवाज़ों को सुनकर हम में से कई लोग चिंता, एंग्जायटी या चिड़चिड़ापन महसूस करने लगता है। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि इस तरह के साउंड्स उनके अंदर नेगेटिव इमोशन पैदा करते हैं जिसके कारण उनका रिएक्शन भी नेगेटिव होता है। अक्सर उनके इस चिड़चिड़ेपन को लोग यह कहकर टाल देते हैं की 'इसकी तो आदत है'। लेकिन देखा जाए तो यह एक आदत नहीं एक तरह का साउंड डिसऑर्डर है जिसे मिसोफोनिया कहते हैं। जो लोग इस डिसऑर्डर के शिकार होते हैं उन्हें सामान्य आवाज भी खतरनाक लगती है और उन्हें तंग कर देती है। What is Misophonia: एक साइंटिफिक रिपोर्ट के अनुसार मिसोफोनिया एक ऐसी कंडीशन है जहां अन्य लोगों द्वारा की जाने वाली कुछ आवाजें किसी के अंदर गुस्सा और घृणा जगा सकती हैं। ऐसा तब ह...

Beware of Swimmer's Itch: जानिए क्यों होती है वॉटर एक्टीविज के बाद खुजली, रैश या जलन

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Beware of Swimmer's Itch: जानिए क्यों होती है वॉटर एक्टीविज के बाद खुजली, रैश या जलन https://ift.tt/Bvmag2Y Beware of Swimmer's Itch: गर्मी के मौसम में अगर कुछ है जो थोड़ी राहत देता है तो वो है पानी। पानी पीने से लेकर पानी में तैरने तक इससे जुडी ज़्यादातर एक्टिविटीज गर्मियों में हमारा सहारा बनती हैं। आमतौर पर लोग बढ़ते टेम्परेचर के साथ ही स्विमिंग क्लासेज ज्वाइन कर लेते हैं, वहीं कुछ लॉन्ग समर वेकेशन के लिए निकल जाते हैं, तो कई हर वीकेंड किसी रिसोर्ट में बिताते हैं। ऐसे में हर जगह पर वॉटर एक्टिविटी को अवॉयड करना मुश्किल होता है; आखिर जल ही जीवन है, खासकर गर्मियों में। राहत के पीछे- पीछे कई बार मुसीबत भी चली आती है, इसलिए जो लोग फ्रेश वॉटर बॉडीज जैसे झील, तालाब और ओशियन (ocean /beach) में वॉटर एक्टिविटी में भाग लेते हैं उन्हें अक्सर स्विमर्स इच (Swimmer's Itch) की शिकायत हो सकती है। क्या है स्विमर्स इच व इसके कारण और इलाज जानिए इस आर्टिकल में। Decoding the Causes and Symptoms of Swimmer's Itch: स्विमर्स इच त्वचा की एक ऐसी स्थिति है जहां स्विमर्स को किसी पैरासाइट स...